*रतन गुप्ता सोनौली*
नेपाल के सप्तरी जिले में विश्व हिंदू परिषद (विहिप) नेपाल द्वारा एक भव्य और ऐतिहासिक ‘ग्राम शुद्धीकरण’ एवं ‘घर वापसी’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस विशेष अनुष्ठान के तहत, कुछ वर्ष पहले ईसाई धर्म अपना चुके विभिन्न स्थानों के
**135 परिवारों** ने स्वेच्छा से अपने मूल सनातन धर्म में वापसी की।
विहिप नेपाल द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में जिले के अनुसूचित जाति और हरिजन समाज के हिंदू स्वजनों को पूरे मान-सम्मान के साथ पुनः स्वधर्म में शामिल कर उनका स्वागत किया गया।

राष्ट्रीय महासचिव की गरिमामयी उपस्थिति
यह पूरा कार्यक्रम विश्व हिंदू परिषद नेपाल के **राष्ट्रीय महासचिव श्री राजेंद्र प्रसाद चौधरी ** के मुख्य आतिथ्य में संपन्न हुआ। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि ने कहा कि दिग्भ्रमित होकर या किसी अन्य कारणवश अपने मूल धर्म से दूर हो गए भाई-बहनों का अपने घर (सनातन धर्म) में वापस लौटना अत्यंत हर्ष का विषय है। उन्होंने समाज में एकता, समरसता और अपनी संस्कृति के संरक्षण पर विशेष बल दिया।
*विधि-विधान और वैदिक रीति से हुआ शुद्धीकरण*
घर वापसी करने वाले सभी परिवारों ने पूरी तरह से अपनी **स्वेच्छा और अंतरात्मा की आवाज पर** सनातन धर्म में लौटने की सहमति जताई थी। इसके बाद पूरे विधि-विधान के साथ अनुष्ठान संपन्न कराया गया:
* **कलश यात्रा:** कार्यक्रम की शुरुआत भव्य कलश यात्रा के साथ हुई, जिसने पूरे क्षेत्र का माहौल भक्तिमय कर दिया।
* **वैदिक हवन:** परिसर में **11 विशेष यज्ञ कुंड** बनाए गए थे, जहां पंडितों द्वारा गायत्री मंत्रोच्चार के साथ पवित्र आहुतियां दी गईं।
* **पंचामृत और तिलक:** स्वधर्म में लौटने वाले सभी सदस्यों को तिलक लगाया गया, रक्षासूत्र बांधा गया और पंचामृत का सेवन कराकर उन्हें पुनः हिंदू धर्म में अंगीकार किया गया।
**जय श्रीराम के नारों से गूंजा परिसर:**
अनुष्ठान के दौरान पूरा वातावरण “जय श्रीराम” और सनातन धर्म की जय-जयकार के नारों से गुंजायमान रहा। उपस्थित हिंदू समाज के लोगों ने भावुक होकर अपने भाइयों का स्वागत किया।

सामाजिक समरसता का संदेश
विश्व हिंदू परिषद के स्थानीय पदाधिकारियों के अनुसार, यह कार्यक्रम समाज को एकजुट करने और अनुसूचित एवं हरिजन वर्ग के लोगों में यह विश्वास जगाने के लिए था कि सनातन धर्म में वे हमेशा से पूजनीय और सम्मानीय थे और रहेंगे। इस ‘ग्राम शुद्धीकरण’ अभियान की सफलता के बाद विहिप ने क्षेत्र में अपनी सांस्कृतिक और धार्मिक जागरूकता गतिविधियों को और तेज करने का संकल्प लिया है
